Wednesday, May 25, 2011

आइएसआइ के थे राणा व हेडली से संबंध


अमेरिकी अदालत में मुंबई हमले के आरोपी कनाडाई नागरिक तहव्वुर हुसैन राणा के खिलाफ सोमवार को मुकदमे की सुनवाई शुरू हो गई। सुनवाई के पहले दिन अभियोजन पक्ष ने अदालत में कहा कि पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आइएसआइ के राणा और डेविड हेडली के साथ संबंध थे। शिकागो के डर्कसेन संघीय बिल्डिंग में सुनवाई के दौरान अमेरिकी सहायक अटार्नी जनरल साराह स्ट्राइकर ने कहा कि पाकिस्तानी मूल के कनाडाई नागरिक राणा ने हेडली से मुंबई पर आतंकवादी हमले के बाद कहा कि भारतीय इसी लायक थे। वर्ष 2008 में हुए इस हमले में 166 लोग मारे गए थे। स्ट्राइकर ने कहा कि राणा ने अपने पुराने मित्र हेडली की मदद की जिसने मुंबई हमले से पहले वहां निशाना बनाए जाने वाले स्थानों की टोह लेते समय फोटो खींची। इसके साथ ही राणा ने हेडली को अपने शिकागो स्थित आव्रजन उद्योग के प्रतिनिधि के रूप में पेश किया। उधर, राणा के वकील ने कहा है कि हेडली ने उनके मुवक्किल को धोखा दिया है। अमेरिकी नौसेना में लेफ्टिनेंट कमांडर रह चुके राणा के वकील चार्ली स्विफ्ट ने अमेरिकी अखबार शिकागो ट्रिब्यून को बताया कि राणा का दोष केवल इतना है कि वह हेडली का दोस्त था। वह हेडली के बिजनेस में उसकी मदद करके फंस गया। हेडली ने उसे धोखा दिया है। पाकिस्तान में राणा के स्कूली दिनों से हेडली उसका दोस्त था। हेडली इससे पहले कबूल कर चुका है कि राणा ने भारत में फ‌र्स्ट व‌र्ल्ड इमिग्रेशन नाम की कंपनी खोलने में उसकी मदद की थी। इसी कंपनी की आड़ में हेडली 2006 से 2008 के बीच भारत आता-जाता रहा। इसी दौरान उसने पाकिस्तान के आतंकी संगठन लश्कर-ए-तैयबा के लिए मंुबई समेत भारत के कई सार्वजनिक स्थानों की रेकी की और मंुबई हमलों को अंजाम दिया। मुकदमे पर कनाडा की भी नजर टोरंटो : राणा के मुकदमे पर पर न केवल भारत, बल्कि कनाडा की नजर भी रहेगी। यदि उसे दोषी ठहराया जाता है तो कनाडा के लिए इसके व्यापक निहितार्थ हो सकते हैं। राणा 1997 में कनाडा आया था। इससे पहले उसने पाकिस्तानी सेना में चिकित्सा सहायक के रूप में सेवा दी थी। कनाडाई विशेषज्ञों का कहना है कि मुकदमे के दौरान यदि आइएसआइ और लश्कर-ए-तैयबा के बीच साठगांठ साबित हो जाती है तो यह वैश्विक स्तर पर व्यापक बदलाव लाने वाला साबित हो सकता है। ओसामा के पाक में मारे जाने के बाद अमेरिका में इस बात की आशंका बढ़ी है कि आइएसआइ ने लादेन को शरण दे रखी थी.


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