Saturday, October 13, 2012

घाटी में सक्रिय हैं 400 आतंकी





नई दिल्ली (एजेंसी)। सेना प्रमुख जनरल बिक्रम सिंह ने आगाह किया है कि जम्मू कश्मीर में अब भी करीब 400 आतंकवादी सक्रिय हैं और सीमा पार से घुसपैठ की कोशिशें बढ़ाए जाने की खुफिया रिपोर्ट भी मिल रही हैं। इसके सुरक्षा बलों को हमेशा सतर्क रहने और गुप्तचर सूचनाओं पर आधारित सर्जिकल आपरेशन जारी रखने की जरूरत है लेकिन ऐसा करते समय मानवाधिकारों को भी पूरा ख्याल रखना होगा। चीन के साथ लगी सीमा की रखवाली के लिए एक अतिरिक्त माउंटेन स्ट्राइक कोर गठित किए जाने के सवाल पर सेना प्रमुख ने बताया कि इस योजना के प्रस्ताव को नए सिरे से जमा कराया जा रहा है और उम्मीद है कि इसे जल्दी ही मंजूरी मिल जाएगी। उन्होंने कहा कि सेना ने पिछले पांच साल में निरंतर अपनी क्षमता बढ़ाने पर ध्यान जमाया है जिसमें फोर्स लेवल बढ़ाना, टैक्नोलॉजी उन्नत बनाना, और ढांचागत सुधार शामिल हैं। सेना के आधुनिकीकरण को लेकर उन्होंने स्वीकार किया कि इस काम में कई अड़चनों का सामना करना पड़ रहा है और इन्हें दूर करने के प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा- मैं इस बात से वाकिफ हूं कि सेना की आधुनिकीकरण योजना के काम में संतोषजनक प्रगति नहीं हुई है। सेना प्रमुख ने अंग्रेजी की एक साप्ताहिक पत्रिका को दिए इंटरव्यू में कहा कि सुरक्षा बलों के सघन प्रयासों और बहुमुखी कदमों से जम्मू-कश्मीर और पूर्वोत्तर क्षेत्र में स्थिति में सुधार आया है और नागरिक प्रशासन के हाथ भी मजबूत हुए हैं। सेना में अधिकारियों और जवानों के बीच संबंधों में सुधार से जुड़े सवाल पर जनरल सिंह ने कहा कि उन्होंने यूनिटों में सामान्य अभ्यासों का सख्ती से पालन किए जाने की हिदायत दी है ताकि परेड के दौरान सभी रैंक के लोग आपस में घुलमिल सकें। उन्होंने कहा - सेना में स्वस्थ संबंधों के लिए अधिकारियों और जवानों का प्रशिक्षण एवं खेलों के दौरान आपस में मेलमिलाप होना बहुत जरूरी है। सेना प्रमुख का यह बयान ऐसे समय मायने रखता है जब लद्दाख में न्योमा और जम्मू-कश्मीर के सांबा सेक्टरों में अधिकारियों एवं जवानों के बीच तनातनी की घटनाओं की जांच अंतिम चरण में पहुंच गई है। रक्षा मंत्री ए के एंटनी ने भी सेना में तनाव संबंधी घटनाओं पर चिंता प्रकट करते हुए जवानों और अधिकारियों के व्यवहार पर नए सिरे से अध्ययन कराने के निर्देश दिए हैं। सेना प्रमुख जनरल बिक्रम सिंह ने कश्मीर में घुसपैठ बढ़ने की आशंका जताई सुरक्षा बलों को हमेशा सतर्क रहने व सर्जिकल आपरेशन जारी रखने की जरूरत ऐसा करते समय मानवाधिकारों का पूरा ख्याल रखने की भी दी नसीहत



Rashtirya Sahara National Edition 14-10-2012 PeJ-2  vkradokn)

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